पुलिस ने एक अंतर-राज्यीय गैंग के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया है जो पश्चिमी यूपी, हरियाणा और दिल्ली में ट्यूबवेल से बिजली केबल और उपकरण चोरी करते थे। उनसे चोरी की गई बिजली केबल के 22 बंडल, दो ट्यूबवेल केबल, चोरी में इस्तेमाल होने वाले औजार, दो टाटा पिकअप वैन और चोरी का सामान बेचकर मिले ₹1,200 नकद बरामद किए गए हैं। पूछताछ में पता चला कि गैंग उन जगहों को निशाना बनाता था जहाँ नई बिजली लाइनें बिछाई जा रही थीं, और इसमें बिजली कंपनी के मेरठ स्थित कॉन्ट्रैक्टर आबिद की मदद ली जाती थी।
एसपी नरेंद्र प्रताप सिंह के अनुसार, पुलिस ने बुधवार रात हाथी करौडा-खानपुर हाईवे पर चेकिंग के दौरान दो पिकअप वैन में जा रहे आरोपियों को पकड़ा। तलाशी लेने पर चोरी का सामान बरामद हुआ। गिरफ्तार लोगों की पहचान नदीम (निवासी शिवाजी/राजपूत मोहल्ला, गोंडा, थाना जाफराबाद, नई दिल्ली), साजिद (निवासी खैखेड़ा, थाना ककरौली, मुजफ्फरनगर) और अब्दुल अहद (निवासी गली नंबर 24, धर्मपुरी, थाना उस्मानपुर, नई दिल्ली) के रूप में हुई है।
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि मेरठ का रहने वाला आबिद बिजली कंपनी का कॉन्ट्रैक्टर है। वह उन्हें बताता था कि नई बिजली लाइनें कहाँ लगाई जानी हैं। इसके बाद गैंग के सदस्य रात में उस जगह पहुँचते थे और बिजली केबल चोरी कर लेते थे। कॉन्ट्रैक्टर शामली के अलावा दूसरे जिलों में भी बिजली कंपनी के कर्मचारियों के साथ मिलकर काम करता था।
पुलिस ने अब इन दूसरे लोगों के खिलाफ भी जांच शुरू कर दी है। आरोपियों के अनुसार, आबिद को भी चोरी के सामान से हुई कमाई का हिस्सा मिलता था। पुलिस का कहना है कि अब तक 9 लोगों की संलिप्तता सामने आई है और बाकी आरोपियों की तलाश जारी है।
ट्यूबवेल को भी बनाते थे निशाना
आरोपी ट्यूबवेल से केबल और कटआउट के साथ-साथ बिजली के खंभों से तार भी चोरी करते थे। वे चोरी का सामान टाटा पिकअप वैन में लोड करते थे और बाद में उसे कबाड़ बेचने वालों को बेच देते थे। चोरी किए गए तार दिल्ली के एक कबाड़ व्यापारी हैदर को भी कई बार बेचे गए थे। इन जगहों पर हुई वारदातें
पुलिस के मुताबिक, गैंग ने 17 जुलाई को कंजरहेड़ी, 24 जुलाई को हाथी करौंदा, 19 अगस्त को बंटीखेड़ा और 1 सितंबर को हाथी करौंदा के जंगलों में बिजली के खंभों से तार चोरी किए। 6 सितंबर को फतेहपुर और बंटीखेड़ा में ट्यूबवेल से उपकरण चोरी किए गए। 5-6 सितंबर की रात को कुरमाली और हाथी करौंदा के जंगलों से बिजली के तार और अन्य सामान चोरी किए गए। इसके अलावा, यह भी पता चला है कि उन्होंने पानीपत (हरियाणा) और दिल्ली में भी इसी तरह की वारदातें की थीं।
छह मामलों में नाम
पुलिस के मुताबिक, तीनों आरोपियों के खिलाफ बाबरी पुलिस स्टेशन में चोरी और अन्य अपराधों के छह मामले दर्ज किए गए हैं। दूसरे जिलों और राज्यों में उनके आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ ज़रूरी कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।


