HomeUTTARAKHANDपर्यटन विकास के साथ स्थानीय विक्रेताओं के आर्थिक सशक्तिकरण पर जोर।

पर्यटन विकास के साथ स्थानीय विक्रेताओं के आर्थिक सशक्तिकरण पर जोर।

उत्तराखण्ड पर्यटन विकास बोर्ड (UTDB) द्वारा आयोजित Recognition of Prior Learning (RPL) प्रशिक्षण जो कि 8 जून से शुरू हुआ, इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत 240 स्ट्रीट फूड वेंडर्स ने प्रशिक्षण प्राप्त किया तथा उन्हें उत्तराखण्ड पर्यटन विकास बोर्ड द्वारा प्रमाण पत्र एवं FOSTAC (Food Safety Training and Certification) प्रशिक्षण प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।

कार्यक्रम में माननीय मेयर, नगर निगम देहरादून, श्री सौरभ थपलियाल एवं नगर आयुक्त, नगर निगम देहरादून, श्रीमती पूनम चंद उपर निदेशक, उत्तराखंड पर्यटन विकास बोर्ड, ने भी अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई एवं कार्यक्रम में जिला पर्यटन विकास अधिकारी (DTDO), देहरादून ने भी सहभागिता की।

कार्यक्रम में विभिन्न बैंकिंग एवं वित्तीय संस्थानों के प्रतिनिधियों ने भी सक्रिय सहभागिता की। एसबीआई बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, उत्कर्ष स्मॉल फाइनेंस बैंक तथा एल आई सी के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने प्रतिभागियों को प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना (PM SVANidhi Yojana)* से जुड़ने के लिए प्रेरित किया तथा योजना के अंतर्गत उपलब्ध ऋण, डिजिटल लेन-देन प्रोत्साहन एवं अन्य लाभों की विस्तृत जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर *लीड बैंक प्रतिनिधियों ने भी वित्तीय समावेशन एवं स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी साझा की।

कार्यक्रम के दौरान श्रीमती पूनम चंद अपर निदेशक, उत्तराखण्ड पर्यटन विकास बोर्ड ने सभी प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए उन्हें निरंतर आगे बढ़ने एवं अपने व्यवसाय को सुदृढ़ बनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने सभी स्ट्रीट फूड वेंडर्स को प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना से जुड़ने का आह्वान करते हुए बताया कि इस योजना के माध्यम से रेहड़ी-पटरी एवं स्ट्रीट फूड विक्रेता वित्तीय सहायता प्राप्त कर अपने व्यवसाय का विस्तार कर सकते हैं तथा आत्मनिर्भर बन सकते हैं।

अपने संबोधन में अतिथियों ने प्रशिक्षित स्ट्रीट फूड वेंडर्स को बधाई देते हुए खाद्य सुरक्षा, स्वच्छता, साफ-सफाई, ग्राहक सेवा तथा पर्यटकों एवं अतिथियों के प्रति बेहतर व्यवहार के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड आने वाले पर्यटक राज्य की संस्कृति एवं आतिथ्य का अनुभव स्ट्रीट फूड विक्रेताओं के माध्यम से भी करते हैं, इसलिए गुणवत्तापूर्ण सेवा एवं स्वच्छ खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना अत्यंत आवश्यक है।

अतिथियों ने कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम राज्य में पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ स्थानीय खाद्य विक्रेताओं के कौशल विकास, आजीविका संवर्धन एवं आर्थिक सशक्तिकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। प्रशिक्षण के माध्यम से प्रतिभागियों को खाद्य सुरक्षा मानकों, स्वच्छता प्रबंधन, ग्राहक सेवा, डिजिटल भुगतान तथा सरकारी योजनाओं के लाभों की जानकारी प्रदान की गई।

प्रशिक्षण प्राप्त सभी स्ट्रीट फूड वेंडर्स ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए उत्तराखण्ड पर्यटन विकास बोर्ड, प्रशिक्षण सहयोगी संस्थाओं एवं प्रशिक्षकों का हृदय से आभार व्यक्त किया। प्रतिभागियों ने भविष्य में भी इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रमों का नियमित आयोजन किए जाने का अनुरोध किया ताकि अधिक से अधिक विक्रेता इसका लाभ प्राप्त कर सकें।

कार्यक्रम का समापन सभी प्रतिभागियों को उज्ज्वल भविष्य एवं सफल व्यवसाय की शुभकामनाओं के साथ किया गया।

Santosh Singhhttps://www.samacharlive.in
Santosh Singh is an author and news content contributor at Samachar Live, an independent Hindi news and information website. He is involved in researching, preparing, editing and publishing news content across various categories. Contact Samachar Live team at samacharlive.in@gmail.com
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