उत्तर प्रदेश के कानपुर में BJP नेता रमेश यादव के फार्महाउस पर लाखों रुपये की चोरी का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि रमेश यादव BJP पिछड़ा वर्ग मोर्चा के प्रदेश मंत्री बनने के बाद लखनऊ से कानपुर लौटे थे। दिन भर उनके घर बधाई देने वालों का तांता लगा रहा, लेकिन रात होते ही उनके फार्महाउस पर यह घटना हो गई। आरोप है कि नकाबपोश बदमाश आधी रात के करीब फार्महाउस में घुसे और रमेश यादव को बंधक बना लिया। उन्होंने उनके हाथ-पैर बांध दिए और करीब 50 लाख रुपये की नकदी और कीमती सामान लेकर भाग गए। इस घटना से इलाके में दहशत फैल गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
बताया जा रहा है कि रमेश यादव का फार्महाउस कानपुर शहर से करीब 15 किलोमीटर दूर है। वह लखनऊ में नई ज़िम्मेदारी संभालने के बाद सोमवार को देर शाम फार्महाउस पहुंचे थे। वह दिन भर की भागदौड़ के बाद आराम कर रहे थे, तभी नकाबपोश बदमाशों ने हमला कर दिया। बदमाशों ने पहले उसे काबू किया और फिर घर की तलाशी ली, पैसे और कीमती सामान चुरा लिए। घटना की एक अहम बात यह है कि फार्महाउस के बाहर तैनात गनमैन को घटना की खबर तक नहीं थी। हालांकि, चोरी की कुल रकम और घटनाओं के क्रम के बारे में जानकारी पुलिस जांच के बाद ही साफ हो पाएगी।
रमेश यादव कौन हैं? BSP से चुनाव लड़ने के बाद, उन्होंने BJP में जिम्मेदारी संभाली
रमेश यादव कानपुर इलाके के एक पुराने राजनीतिक व्यक्ति माने जाते हैं। वह तीन बार ब्लॉक प्रमुख रह चुके हैं, जबकि उनकी पत्नी शशि यादव भी ब्लॉक प्रमुख रह चुकी हैं। 2022 के विधानसभा चुनाव में, रमेश यादव ने बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर बिठूर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा था। बाद में वह BJP में शामिल हो गए। उन्हें हाल ही में BJP पिछड़ा वर्ग मोर्चा का राज्य मंत्री बनाया गया था। नई राजनीतिक जिम्मेदारी संभालने के कुछ ही समय बाद उनके फार्महाउस में हुई चोरी ने मामले को सुर्खियों में ला दिया है।
पुलिस ने CCTV फुटेज की जांच की
घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। खबरों के मुताबिक, जॉइंट पुलिस कमिश्नर डॉ. विपिन टाडा और DCP साउथ दीपेंद्रनाथ चौधरी के साथ एक पुलिस टीम ने घटनास्थल का मुआयना किया। पुलिस संदिग्धों की पहचान करने के लिए फार्महाउस और आस-पास के इलाकों से CCTV फुटेज देख रही है। अपराधी किस रास्ते से गए और घटना के बाद वे किस रास्ते से भागे, इसकी भी जांच की जा रही है। पुलिस फिलहाल आरोपियों को गिरफ्तार करने और लूटे गए पैसे बरामद करने की कोशिश कर रही है।


