इलाहाबाद हाई कोर्ट ने समाजवादी पार्टी के सीनियर नेता और पूर्व मंत्री आजम खान और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम को दो पैन कार्ड रखने के मामले में बड़ी राहत दी है। कोर्ट ने उनकी सज़ा सस्पेंड करते हुए उनकी ज़मानत अर्ज़ी मंज़ूर कर ली। जस्टिस समित गोपाल की सिंगल बेंच ने यह फ़ैसला सुनाया। पिछली सुनवाई के दौरान, कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अपना फ़ैसला सुरक्षित रख लिया था।
आजम खान और अब्दुल्ला आजम ने ट्रायल कोर्ट द्वारा दी गई सज़ा और दोषसिद्धि को चुनौती देते हुए लीगल रिवीजन पिटीशन दायर की थीं। उन्होंने अपनी पिटीशन के फ़ाइनल डिस्पोज़ल तक अंतरिम राहत मांगी थी, जिसमें दोषसिद्धि पर रोक, सज़ा सस्पेंड करने और अंतरिम ज़मानत की रिक्वेस्ट की गई थी।
हाई कोर्ट ने आजम और अब्दुल्ला की ज़मानत अर्ज़ी मंज़ूर कर ली और उनकी सज़ा सस्पेंड करने का आदेश दिया। हालांकि, कोर्ट ने दोषसिद्धि पर रोक की रिक्वेस्ट को खारिज कर दिया। आजम खान की ओर से सीनियर वकील अभिषेक मनु सिंघवी, एन.आई. जाफ़री और वकील शाश्वत आनंद पेश हुए। सीनियर वकील और एडिशनल एडवोकेट जनरल अनूप त्रिवेदी ने राज्य सरकार की ओर से दलीलें दीं।


