देहरादून: नशा विरोधी जन अभियान के बैनर तले 11 अगस्त से शुरू किए गए जागरण मार्च के क्रम में रविवार से दूसरा चरण शुरू होगा। ‘नशा विरोधी जन अभियान’ की ओर से बताया गया है कि बाद में इस तरह के मार्च पूरे देहरादून और राज्य के अन्य जिलों में भी लगातार आयोजित किये जाएंगे।
नशा विरोधी जन अभियान के लिए हर ज़िले व क्षेत्रों में ये मार्च वहां की अभियान टीम द्वारा आयोजन किया जाएगा I वहाँ इस मुद्दे पर सक्रिय कार्यकर्ताओं की टीम के नेतृत्व में ही ये आयोजन संपादित होंगे जिसके लिए व्यापक संपर्क भी किया जा रहा है l
टीम की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि तरह-तरह के नशे और ड्रग्स राज्य के सुदूर पर्वतीय गांवों तक पहुंच गये हैं। इससे युवा पीढ़ी बर्बाद हो रही है और कई परिवार तबाह हो चुके हैं। पुलिस विभाग कभी-कभी नशे के खिलाफ अभियान चलाता है, लेकिन इस मामले में जिस संवेदनशीलता का जरूरत है, उसका अभाव सरकारी अभियानों में साफ नजर आता है।
बयान में कहा गया है कि सरकार की अपनी सीमाएं होती हैं। आम लोगों को भी इसमें भागीदारी निभानी होगी। करीब एक दर्जन संगठनों ने इस अभियान में शामिल होने की स्वीकृति दे दी है। आने वाले दिनों में इस मामले में सहमति रखने वाले राज्य के अन्य संगठनों और व्यक्तियों को भी इस अभियान में शामिल करने का प्रयास किया जाएगा।
बयान में कहा गया है कि नशे के बढ़ते चलन से सबसे ज्यादा प्रभावित महिलाएं होती हैं। ऐसे में इस अभियान से ज्यादा से ज्यादा महिलाओं को जोड़ने के प्रयास किये जा रहे हैं और वे इस अभियान से बहुत उत्साहित हैँ l









