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जेल में अशोका यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर अली खान, सुप्रीम कोर्ट में आज होगी सुनवाई

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Professor Ali Khan Case: आज सुप्रीम कोर्ट में अशोका यूनिवर्सिटी के सहायक प्रोफेसर और राजनीति विज्ञान विभाग के प्रमुख अली खान महमूदाबाद की गिरफ्तारी के मामले की सुनवाई होनी है। हरियाणा पुलिस ने 18मई को दिल्ली में उनके आवास से उन्हें हिरासत में लिया था, जिसके बाद सोनीपत की एक स्थानीय अदालत ने उन्हें 20मई को 14दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।


बता दें, यह गिरफ्तारी ‘ऑपरेशन सिंदूर’ से संबंधित प्रोफेसर के एक फेसबुक पोस्ट के कारण हुई। जिसे कुछ लोगों ने सशस्त्र बलों की आलोचना और महिला अधिकारियों के प्रति अपमानजनक करार दिया।


क्या है पूरा मामला?


बता दें, 8मई को प्रोफेसर अली खान ने एक फेसबुक पोस्ट में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर टिप्पणी की थी। पोस्ट में अली खान ने कर्नल सोफिया कुरैशी की प्रशंसा की विडंबना पर प्रकाश डाला। उन्होंने सुझाव दिया कि वे भीड़ द्वारा लिंचिंग और मनमाने ढंग से बुलडोजर कार्रवाइयों के शिकार लोगों की सुरक्षा की मांग करें। हरियाणा राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रेणु भाटिया और जठेड़ी गांव के सरपंच व बीजेपी युवा मोर्चा के महासचिव योगेश जठेड़ी ने इस पोस्ट के आधार पर दो अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज कीं। इनमें भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 152 (राष्ट्र की संप्रभुता को खतरे में डालने), 196 (सांप्रदायिक वैमनस्य को बढ़ावा देना), 79 (महिला की गरिमा का अपमान), और 299 (धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाना) जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं।


18मई को गिरफ्तारी के बाद, अली खान को सोनीपत की राय पुलिस स्टेशन में ले जाया गया और एक मामले में दो दिन की पुलिस हिरासत में रखा गया। जिसके बाद 20मई को सोनीपत की एक स्थानीय अदालत ने हरियाणा पुलिस की सात दिन की अतिरिक्त हिरासत की मांग को खारिज कर दिया और अली खान को 27मई तक के लिए 14दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।


इसके बाद 19 मई को वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश बी.आर. गवई और जस्टिस ऑगस्टाइन जॉर्ज मसीह की बेंच के समक्ष इस मामले में तुरंत सुनवाई की मांग की। सिब्बल ने तर्क दिया कि अली खान का बयान “पूरी तरह से देशभक्ति” से प्रेरित था और उनकी गिरफ्तारी अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के मौलिक अधिकार का उल्लंघन है। सुप्रीम कोर्ट ने मामले को 20 या 21 मई के लिए सूचीबद्ध करने पर सहमति जताई। वहीं, आज 21 मई को जस्टिस सूर्यकांत और एन. कोटिस्वर सिंह की बेंच अली खान की याचिका और अंतरिम जमानत की अर्जी पर सुनवाई करेगी।

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