Nayab Saini 56th Birthday: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी आज 25 जनवरी को अपना 56वां जन्मदिन मना रहे हैं। एक साधारण परिवार से निकलकर राजनीति की ऊंचाइयों तक पहुंचने वाले सैनी का सफर प्रेरणादायक है। वे एक आम कार्यकर्ता के रूप में भाजपा से जुड़े और कड़ी मेहनत से राज्य के मुखिया बने। तो चलिए इस खास मौके पर उनके जीवन और राजनीतिक सफर के बारे में जानते है।
प्रारंभिक जीवन और शिक्षा
नायब सिंह सैनी का जन्म 25 जनवरी 1970 को हरियाणा के अंबाला जिले के मिर्जापुर माजरा गांव में हुआ। वे सैनी समुदाय से आते है, जो अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) में आता है। उनका परिवार मूल रूप से कुरुक्षेत्र जिले के मंगोली जट्टान गांव का है। सैनी ने अपनी स्नातक की डिग्री (बीए) मुजफ्फरपुर के बीआर अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय से की, जबकि कानून की डिग्री (एलएलबी) मेरठ के चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय से ली।
राजनीतिक सफर की शुरुआत
सैनी ने अपना राजनीतिक सफर की शुरुआत राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से की। इसके बाद उन्होंने भाजपा के अंबाला कार्यालय में कंप्यूटर ऑपरेटर के रूप में काम शुरू किया। धीरे-धीरे वे पार्टी के युवा विंग में सक्रिय हुए और हरियाणा भाजपा किसान मोर्चा के महासचिव बने। साल 2010 में उन्होंने नारायणगढ़ विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा, लेकिन हार गए। हालांकि, उन्होंने हार नहीं मानी और OBC समुदाय के प्रतिनिधि के रूप में उभरे।
विधायक से मुख्यमंत्री बनने तक का सफर
साल 2014 में सैनी ने नारायणगढ़ से भाजपा प्रत्याशी के रूप में चुनाव जीता और विधायक बने। उन्होंने 24 हजार से ज्यादा वोटों से जीत हासिल की। 2015 से 2019 तक वे हरियाणा सरकार में राज्य मंत्री रहे, जहां उन्होंने खनन एवं भूविज्ञान, नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा तथा श्रम एवं रोजगार जैसे विभागों का प्रभार संभाला।
इसके बाद मार्च 2024 में मनोहर लाल खट्टर के इस्तीफे के बाद नायब सिंह सैनी को हरियाणा का मुख्यमंत्री नियुक्त किया गया। यह फैसला 2024 लोकसभा चुनाव से पहले लिया गया। उस दौरान उन्होंने गृह, वित्त, कानून एवं न्याय, उत्पाद एवं कराधान जैसे अहम विभाग संभाले। इसके बाद 2024 के हरियाणा विधानसभा चुनाव में उन्होंने कुरुक्षेत्र के लाडवा सीट से जीत दर्ज की और 16 हजार से ज्यादा वोटों से कांग्रेस प्रत्याशी को हार का स्वाद चखाया। इस जीत के साथ
वे दोबारा मुख्यमंत्री बने।









