HomeCRIMEगाज़ियाबाद: फ़र्ज़ी डिटेक्टिव एजेंसी की वेबसाइट बनाकर 1.15 लाख की ठगी के...

गाज़ियाबाद: फ़र्ज़ी डिटेक्टिव एजेंसी की वेबसाइट बनाकर 1.15 लाख की ठगी के आरोप में माँ-बेटे गिरफ़्तार

पुलिस ने मंगलवार को बताया कि गाज़ियाबाद से एक माँ-बेटे की जोड़ी को गिरफ़्तार किया गया है। उन पर आरोप है कि उन्होंने एक फ़र्ज़ी डिटेक्टिव एजेंसी की वेबसाइट बनाई और एक व्यक्ति से 1.15 लाख रुपये की ठगी की। आरोपियों की पहचान पूनम सिंह (45) और उनके बेटे अर्णव सिंह (22) के तौर पर हुई है, जो दोनों गाज़ियाबाद के रहने वाले हैं। पुलिस के बयान के मुताबिक, यह मामला तब सामने आया जब शिकायतकर्ता, जो ऑनलाइन डिटेक्टिव सर्विस ढूंढ रहा था, को यह वेबसाइट मिली।

कहा जा रहा है कि वेबसाइट को इस तरह से डिज़ाइन किया गया था कि वह किसी असली डिटेक्टिव एजेंसी की वेबसाइट जैसी लगे। बयान में कहा गया है कि शिकायतकर्ता से एक मोबाइल नंबर के ज़रिए संपर्क किया गया और डिटेक्टिव व जांच सेवाएँ देने के बहाने 1.15 लाख रुपये देने के लिए मनाया गया। यह रकम पूनम सिंह के नाम पर खुले बैंक खाते में जमा की गई और बाद में अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर कर दी गई।

इसके बाद पूर्वी दिल्ली के साइबर पुलिस स्टेशन में एक ई-FIR दर्ज की गई और आगे की जांच शुरू की गई। पुलिस ने बताया कि जांच के दौरान टीम ने फ़र्ज़ी वेबसाइट के इंफ्रास्ट्रक्चर, उससे जुड़े मोबाइल नंबरों, ईमेल आईडी, बातचीत की जानकारी और ठगी गई रकम से जुड़े वित्तीय लेन-देन का विश्लेषण किया।

वेबसाइट को चलाने और मैनेज करने वाले लोगों का पता लगाने के लिए तकनीकी और वित्तीय सुरागों को आपस में जोड़ा गया। इन सुरागों के आधार पर पुलिस ने गाज़ियाबाद में संदिग्धों का पता लगाया और वहाँ छापेमारी की। अर्णव सिंह मौके पर मिला और उसके ख़िलाफ़ पर्याप्त सबूत मिलने के बाद उसे गिरफ़्तार कर लिया गया। उसके पास से एक लैपटॉप और एक मोबाइल फ़ोन ज़ब्त किया गया। बाद में पूनम सिंह पुलिस स्टेशन पहुँचीं और उनका मोबाइल फ़ोन भी ज़ब्त कर लिया गया। पुलिस ने बताया कि उस गैजेट में दो मोबाइल नंबर थे, जिनमें से एक नंबर का इस्तेमाल कथित तौर पर शिकायतकर्ता से बात करने के लिए किया गया था।

बयान में कहा गया, “जांच से पता चला कि दोनों आरोपी उस फर्जी वेबसाइट को चलाने और मैनेज करने में शामिल थे, जिसका इस्तेमाल डिटेक्टिव सर्विस चाहने वाले लोगों को लुभाने और उनसे एडवांस पेमेंट करवाने के लिए किया जा रहा था।” पुलिस ने आगे बताया कि पूनम सिंह का नाम 2023 में सराय रोहिल्ला पुलिस स्टेशन में धोखाधड़ी के एक मामले में पहले भी आ चुका है। दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया और न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इस मामले से जुड़े पूरे डिजिटल और फाइनेंशियल नेटवर्क का पता लगाने के लिए आगे की जांच चल रही है।

Santosh Singhhttps://www.samacharlive.in/author-santosh-singh
Santosh Singh is owner and cheif editor of Samachar Live, an independent Hindi news and information website. He is involved in researching, preparing, editing and publishing news content across various categories. Contact him at samacharlive.in@gmail.com chaeck more https://www.samacharlive.in/author-santosh-singh
- Advertisment -spot_img

Must Read